उत्तरी कमान ने मनाया अपना स्थापना दिवस, जनरल वाईके जोशी ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि

उधमपुर । केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू कश्मीर में पाकिस्तान से सटी सीमाओं व लद्दाख में चीन के साथ सटी वास्तविक नियंत्रण रेखा पर दुश्मनों से लोहा ले रही उत्तरी कमान को बने पचास साल हो गये। सेना की उत्तरी कमान के जनरल आफिसर कमांडिंग इन चीफ लेफ्टिनेंट जनरल वाईके जोशी ने वीरवार को उधमपुर में कमान के स्थापना दिवस पर धुव्र वार मेमोरियल में देश पर कुर्बान होने वाले शहीदों को श्रद्धांजलि दी।

धुव्र वार मेमोरियल में सेना की शहीदों को सलामी देने के बाद जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ वाईके जोशी ने स्थापना दिवस की बधाई देते हुए उम्मीद जताई कि चुनौतियों का हौंसले से सामना कर रहे सेना के जवान, अधिकारी उत्तरी कमान की आन, बान व शान हमेशा बरकरार रखेंगे। इस दौरान उत्तरी कमान की विभिन्न सैन्य फॉरमेशनों में हुए कार्यक्रमों के दौरान अधिकारियों व जवानों ने वीरता की परंपरा को कायम रखते हुए मातृभूमि की रक्षा के लिए हर प्रकार की कुर्बानी देने का प्रण किया। कमान की चौदह कोर, लद्दाख्, की पंद्रह कोर, कश्मीर व सोलह कोर जम्मू संभाग की सुरक्षा का जिम्मा संभाल रही है और इस दौरान कोरोना संक्रमण से लोगों को बचाने के लिए भी लगातार कार्रवाई कर रहे हैं।

सेना की उत्तरी कमान का गठन 17 जून 1972 को हुआ था। कारगिल युद्ध व सैन्य अभियानों के दौरान वीरता की मिसाल कायम करने वाली यह कमान इस समय पूर्वी लद्दाख में चीन के सामने व सियाचिन में पाकिस्तान के सामने खून जमाने वाली ठंड में मोर्चा संभाले है। उत्तरी कमान का हर एक जवान किसी भी चुनौती का सामना करने के लिए हरदम तैयार है।

Check Also

देश में पिछले 24 घंटे में 16866 लोग हुए संक्रमित, इतने मरीजों की मौत

भारत में कोरोना वायरस का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है और पिछले कई दिनों …