ना कॉल नाही कोई सोल्यूशन और शिकायत बंद

 

दरअसल हम बात कर रहे हैं एमपी की सीएम हेल्पलाइन की पूरा मामला टीकमगढ़ जिले की पलेरा तहसील का है जहां शिकायत करता ने बताया कि मेने एक महीने पहले सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत की थी जिसको उसे बिना बताए बिना सोल्यूशन किये और जब उसने दोबारा संपर्क किया तो बताया गया कि उनके शाखा प्रबंधक पलेरा से संपर्क किया गया था जिन्होंने बताया कि शिकायत करता के कागज पूरे नही है
पर शिकायत के कागज किसी अधिकारी ने देखे ही नहीं तो कागज अधूरे केसे हो गये और जब उसने समिति प्रबंधक को एक हजार रुपए दे दिए तो कागज पूरे वही शिकायत करता का कहना है कि मैनेजर और समिति प्रबंधक मिले हुए हैं और मिलजुलकर अधिकारी को पैसे देकर शिकायत बंद करवा देते
रिपोर्ट दित्यपाल राजपूत

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