उत्तर प्रदेश के नए पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) के चयन की प्रक्रिया तेज हो गई है।

लखनऊ। वर्तमान डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी का कार्यकाल 30 जून को पूरा हो रहा है। यूपी सरकार ने राज्य में नए डीजीपी का चयन करने के लिए संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) को 1990 बैच तक के 31 आइपीएस अधिकारियों का ब्योरा भेजा है। आयोग अब सूची में शामिल तीन डीजी के नामों का चयन कर राज्य सरकार को अवगत करायेगा।

उत्तर प्रदेश के मौजूदा डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी जून महीने में सेवानिवृत्त होने वाले हैं। इसके साथ ही हितेश चंद्र अवस्थी के सेवा विस्तार व प्रदेश पुलिस के अगले मुखिया को लेकर अटकलें लगनी शुरू हो गई हैं। चर्चा यह भी है कि राज्य सरकार कुछ दिनों के लिए कार्यवाहक डीजीपी की तैनाती भी कर सकती है।

बता दे कि पूर्व डीजीपी ओपी सिंह के सेवानिवृत्त होने के बाद शासन ने वरिष्ठता के आधार पर हितेश चंद्र अवस्थी को पहले कार्यवाहक डीजीपी बनाया था। बाद में उन्हें पूर्णकालिक डीजीपी नियुक्त किया गया था। डीजीपी बनने की रेस में वरिष्ठता सूची के आधार पर डीजी नासिर कमाल, मुकुल गोयल, डा.आरपी सिंह, डा.आरके विश्वकर्मा, देवेंद्र सिंह चौहान व आनंद कुमार का दावा मजबूत माना जा रहा है।

राज्य सरकार ने जिन अधिकारियों का ब्योरा संघ लोक सेवा आयोग को भेजा है उसमें 1986 से 1990 बैच तक के 31 अधिकारियों के नाम शामिल हैं। डीजीपी के पद के लिए कम से कम 30 साल की सेवा पूरी करना जरूरी होता है। ऐसे में 1990 बैच तक के आइपीएस अफसरों की सूची भेज दी गई है। इसमें उन अधिकारियों का नाम शामिल नहीं किया गया है जिनका छह माह के अंदर रिटायरमेंट है।

नए डीजीपी के चयन के लिए इस महीने के आखिर में संघ लोक सेवा आयोग में बैठक हो सकती है। इसमें यूपीएससी के चेयरमैन के अलावा केंद्रीय गृह विभाग के अफसर और यूपी के मुख्य सचिव व डीजीपी सदस्य होते हैं। एक अन्य अधिकारी यूपीएससी और केंद्रीय गृह विभाग की ओर से नामित किया जाता है। ये अधिकारी मिलकर तीन नाम तय करते हैं, जिसे राज्य सरकार को भेजा जाता है। फिर मुख्यमंत्री तय करते हैं कि इन तीन में से वह किसे डीजीपी बनाएंगे।

संघ लोक सेवा आयोग को उत्तर प्रदेश सरकार ने जिन 31 अफसरों के नाम भेजे गए है उसमें पहले नंबर पर 1986 बैच के आइपीएस नासिर कमाल का नाम है। वह वर्तमान में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर हैं। दूसरे नंबर पर मुकुल गोयल हैं, वह भी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर हैं। तीसरे नंबर पर एसआइटी और ईओडब्ल्यू के डीजी आरपी सिंह हैं। इसके बाद विश्वजीत महापात्रा, जीएल मीणा, राज कुमार विश्वकर्मा, डीएस चौहान, आनंद कुमार और विजय कुमार के नाम भी शामिल हैं।

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